श्री पीयूष गोयल ने कहा कि उद्योग को आयातित वस्‍तुओं पर निर्भरता घटानी चाहिए
December 17, 2019 • Daily Shabdawani Samachar

शब्दवाणी समाचार मंगलवार 17 दिसम्बर 2019 नई दिल्ली। केन्‍द्रीय वाणिज्‍य, उद्योग और रेल मंत्री श्री पीयूष गोयल ने आज नई दिल्‍ली में भारत उद्योग परिसंघ (सीआईआई) द्वारा आयोजित शिखर सम्‍मेलन 2019 का उद्घाटन किया। उन्‍होंने इस बात पर जोर दिया कि भारतीय उद्योग को वैश्विक मूल्‍य श्रृंखलाओं का लाभ उठाने के लिए समर्थ और सशक्‍त होना चाहिए। उन्‍होंने यह भी कहा कि सरकार और उद्योग के लिए यह बहुत महत्‍वपूर्ण है कि उद्योग को अधिक प्रतिस्‍पर्धी और अधिक सक्रिय बनाने के लिए मिलकर काम करना चाहिए। सरकार निर्यात वित्त, निर्यात योजना और उत्‍पादकता के लिए अधिक पूर्वानुमान लाने के लिए काम कर रही है। उन्‍होंने यह भी कहा कि हमारे हर दूतावास में भारतीय राज्‍यों का एक प्रतिनिधि होना चाहिए ताकि विदेशी निवेशकों के लिए राज्‍य स्‍तर की नीतियों को समझने में मदद मिले।


वाणिज्‍य उद्योग मंत्री ने कहा कि 'निर्विक' योजना को निर्यात क्रेडिट बीमा योजना (ईसीआईएस) के नाम से भी जाना जाता है। सरकार की इस पहल का उद्देश्‍य उद्योग के सामने आ रही निर्यात वित्त पोषण की समस्‍याओं का समाधान करना है। उन्‍होंने बताया कि सरकार भारतीय निर्यात के लिए बाजार सुरक्षित करने हेतु यूरोपीय संघ, अमेरिका और इग्‍लैंड के साथ संबंधों को आगे बढ़ा रही है। हालांकि, भारत क्षेत्रीय व्‍यापक आर्थिक साझेदारी से अलग हो गया है। उन्‍होंने उम्‍मीद जाहिर की कि उद्योग गैर जरूरी आयात को घटाने तथा आयातित वस्‍तुओं पर निर्भरता कम करने के लिए सरकार के प्रयासों में मदद करेगा। घरेलू उद्योग विनिमयों को अपनाएगा और सरकार द्वारा शुरू की गई नीतियों का लाभ उठाकर उत्‍पादन बढ़ाने में मदद करेगा। वाणिज्‍य और उद्योग मंत्री ने सीआईआई के महानिदेशक श्री चन्‍द्रजीत बनर्जी के साथ सीआईआई पर तैयार दो रिर्पोटों 'भारत का निर्यात-प्रवृत्तियां, चुनौतियों और भविष्‍य की रणनीति' और 'उभरती हुई अर्थव्‍यवस्‍थाओं में भारत का निर्यात : संभावनाओं को लक्षित करना तथा अवसरों का पीछा करना।' का भी उद्घाटन सत्र के दौरान विमोचन किया।