मेगा हेल्थ कैंप का आयोजन, 550 लोगों ने मुफ्त स्वास्थ्य सुविधाओं का उठाया लाभ
January 25, 2020 • Daily Shabdawani Samachar

शब्दवाणी समाचार शनिवार 25 जनवरी 2020 नई दिल्ली। स्वास्थ्य संबंधी जागरुकता बढ़ाने के लिए गुरुग्राम स्थित फोर्टिस मेमोरियल रिसर्च इंस्टीट्यूट ने उम्मेद क्लब के सहयोग से बड़ा स्वास्थ्य शिविर आयोजित किया। इस शिविर में लगभग 700 लोगों ने भाग लिया, जिसमें से लगभग 550 लोगों को मुफ्त स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ उठाने का अवसर प्राप्त हुआ।
सभी प्रतिभागियों को गुरुग्राम स्थित फोर्टिस हॉस्पिटल के वरिष्ठ डॉक्टरों द्वारा परामर्श कराने का मौका मिला। इस शिविर का मुख्य उद्देश्य लोगों को विभिन्न बीमारियों, शुरुआती निदान, इलाज और रोकथाम के तरीकों के बारे में जागरुक व शिक्षित करना था। इस खास कार्यक्रम में विभिन्न मेडिकल विशेषज्ञों ने लोगों को ऑर्थोपेडिक्स, रक्त कैंसर, बोन मैरो ट्रांसप्लान्ट, कार्डियोलॉजी और न्यूरोलॉजी संबंधी परामर्श प्रदान किया।


इस शिविर में अपनी एक्सपर्ट सलाह देने वाले गुरुग्राम स्थित फोर्टिस हॉस्पिटल के वरिष्ठ सलाहकारों में हड्डी व जोड़ा संस्थान के यूनिट हेड, डॉक्टर सुभाष जांगीद, हिमेटोलॉजी और बोन मैरो ट्रांसप्लान्ट के निदेशक व एचओडी, डॉक्टर राहुल भार्गव, इंटरवेंशनल कार्डियोजी विभाग के सलाहकार, डॉक्टर बिनय कुमार और न्यरोलॉजी विभाग के सलाहकार, डॉक्टर राहुल मंगलानी शामिल थे।
इसके अलावा रक्त, हड्डी, कार्डियोलॉजी और न्यूरोलॉजी संबंधी समस्याओं के बारे में जागरुकता बढ़ाने के लिए मुफ्त बीपी जांच, बोन डेन्सिटोमीटरी, ब्लड काउंट चेकअप और बीएमआई आदि सुविधाएं प्रदान की गईं। ये समस्याएं इस क्षेत्र में एक बड़ी चिंता का विषय बन गईं हैं, जिनके बारे में लोगों को शिक्षित करना आवश्यक है।
गुरुग्राम स्थित फोर्टिस मेमोरियल रिसर्च इंस्टीट्यूट के हड्डी व जोड़ा संस्थान के यूनिट हेड, डॉक्टर सुभाष जांगीद ने बताया कि, “इस शिविर के जरिए हमने ऑर्थोपेडिक्स मरीजों की मुश्किलों और अर्थराइटिस के बारे में लोगों को जागरुक किया। शिविर में भाग लेने वाले लगभग 200 लोगों को जोड़ों के दर्द और फ्रैक्चर की समस्या थी। ऐसे लोगों को सुधार के तरीकों के बारे में बताया गया, जिसमें इस बात पर खास जोर दिया गया कि ऑर्थोपेडिक्स वाले लोगों को बेहतर परिणाम के लिए इलाज को गंभीरता से लेना चाहिए। अर्थराइटिस वाले लोगों को रोबोटिक एसिस्टेंट वाली नी रिप्लेसमेंट सर्जरी के बाद के बेहतरीन परिणामों के बारे में बताया गया।”
गुरुग्राम स्थित फोर्टिस मेमोरियल रिसर्च इंस्टीट्यूट के हिमेटोलॉजी और बोन मैरो ट्रांसप्लान्ट के निदेशक व एचओडी, डॉक्टर राहुल भार्गव ने बताया कि, “हमारे पूरे अभ्यास के दौरान हमने लोगों में बार-बार होने वाली रक्त समस्याएं पाईं। हमारे शिविर के जरिए हम लोगों को यह बताना चाहते थे कि रक्त संबंधी कई समस्याओं को उचित मेडिकेशन के साथ ठीक किया जा सकता है, लेकिन इसके लिए शुरुआती निदान और इलाज आवश्यक है। शुरुआती निदान की मदद से उचित इलाज व बेहतर परिणाम संभव हो पाते हैं। हम अपने नियमित कार्यक्रमों की मदद से लोगों को एनीमिया की समस्या से मुक्त कराना चाहते हैं। इस प्रकार के स्वास्थ्य शिविर के जरिए हम लोगों को ब्लड डिसॉर्डर और ब्लड कैंसर के बारे में जागरुक करने का उद्देश्य रखते हैं।