कैमस्कैनर ने छात्रों और शिक्षाविदों को क्षेत्रीय भाषाओं से अध्ययन में सक्षम बनाया
April 28, 2020 • Daily Shabdawani Samachar

शब्दवाणी समाचार मंगलवार 28 अप्रैल 2020 नई दिल्ली। आम व्यक्तियों, छोटे कारोबारियों, संगठनों, सरकारों और दुनियाभर के स्कूलों के लिए सबसे लोकप्रिय दस्तावेज प्रबंधन समाधान कैमस्कैनर ने घोषणा की है कि इसने अंग्रेजी के अलावा चार क्षेत्रीय भाषाओं में अपना ऐप उपलब्ध कराते हुए टीयर 2 और टीयर 3 के शहरों के छात्रों और शिक्षाविदों को सक्षम बनाया है। कोविड—19 महामारी के बीच ग्रामीण क्षेत्रों में अपनी पहुंच बढ़ाने के प्रयास के तहत यह ऐप हिन्दी, बंगाली, तमिल और संस्कृत समेत अब प्रमुख क्षेत्रीय भाषाओं में उपलब्ध है। क्षेत्रीय भाषाओं की मदद से यूजर्स को अपनी पसंदीदा भाषा चुनने के लिए प्रेरित किया जाएगा और इसके मौजूदा यूजर्स भी इसकी सेटिंग में जाकर अपनी पसंदीदा भाषा बदल सकते हैं। यह फीचर एंड्रायड और आईओएस पर लाइव है। 


इस अपडेट के साथ कैमस्कैनर ने भारत के उन छात्रों और शिक्षकों तक भी अपनी पहुंच बढ़ा ली है, जो क्षेत्रीय भाषाओं में इंटरनेट आधारित सेवाएं लेना चाहते हैं। इससे अब हर किसी के लिए मोबाइल के जरिये दस्तावेज की स्कैनिंग आसान हो गई है।  इस बारे में कैमस्कैनर के मार्केटिंग डायरेक्टर मिलर ने कहा, 'कैमस्कैनर का उद्देश्य हमेशा देश के यूजर्स को सबसे अच्छा अनुभव प्रदान करने का रहा है। हम पहले ही घोषणा कर चुके हैं कि 31 जून 2020 तक सभी शिक्षकों और छात्रों के लिए हमारा प्रीमियम सब्सक्रिप्शन नि:शुल्क रहेगा। हालांकि क्षेत्रीय भाषाओं के जरिये हम उन छात्रों की भी मदद कर सकेंगे जो अपनी मातृभाषा में इस ऐप का इस्तेमाल करना चाहते हैं।' 
गूगल प्ले स्टोर, आईओएस ऐप स्टोर पर उपलब्ध कैमस्कैनर 200 से अधिक देशों के 37 करोड़ डिवाइसेज पर इंस्टॉल किया जा चुका है। प्रतिदिन इसके 50,000 से अधिक सब्सक्राइबर बन रहे हैं। इस लिहाज से कैमस्कैनर विश्व का सबसे लोकप्रिय मोबाइल स्कैनिंग एप्लीकेशन बन गया है।